पंजाब में बाढ़ से तबाही: 48 की माैत, आज स्कूलों को खोलकर चेक करेंगे टीचर; कल से आएंगे विद्यार्थी !

पंजाब में आई भीषण बाढ़ के बीच पंजाब सरकार द्वारा अब तक 22,938 लोगों को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों से सुरक्षित निकाला जा चुका है। इसके अतिरिक्त राज्य सरकार ने 219 राहत शिविर खोले हैं जिनमें 5404 व्यक्तियों को शरण दी गई है।

पंजाब में बाढ़ का प्रकोप कम होने का नाम नहीं ले रहा। शनिवार को चार जिलों में टूटे धुस्सी बांधों (तटबंधों) पर रविवार को दिनभर मरम्मत का काम चलता रहा। सेना और एनडीआरएफ की टीमें लगातार लगी हुई हैं।

राज्य के बाढ़ प्रभावित सभी 23 जिलों के 2050 गांवों में कुल 3,87,898 व्यक्ति बेघर हो गए हैं जबकि 20 लाख से अधिक लोग प्रभावित हुए हैं।

1,76,980.05 हेक्टेयर फसल प्रभावित, अब तक 48 की मौत

मुख्य सचिव ने बताया कि राज्य के कई जिलों में अब तक कुल 1,76,980.05 हेक्टेयर फसल प्रभावित हुई है। बाढ़ के कारण अब तक 48 लोग अपनी जान गंवा चुके हैं, जबकि जिला पठानकोट से तीन व्यक्ति लापता हैं।

आज से खुलेंगे सरकारी स्कूल, विद्यार्थियों की छुट्टी

पंजाब सरकार ने राज्य के सभी स्कूल, कॉलेज, विश्वविद्यालय, पॉलीटेक्निक संस्थान और आईटीआई 8 सितंबर से फिर से खोलने का फैसला लिया। हालांकि बाढ़ से प्रभावित क्षेत्रों में संस्थानों को बंद रखने का निर्णय संबंधित डिप्टी कमिश्नर ले सकेंगे।

सरकारी स्कूलों में सोमवार को सिर्फ शिक्षक आएंगे और स्कूलों का निरीक्षण व नुकसान का आकलन करेंगे। 9 सितंबर से विद्यार्थियों को स्कूल में आना होगा। शिक्षा मंत्री हरजोत बैंस ने बताया कि निजी स्कूल सोमवार से शिक्षकों और विद्यार्थियों के लिए खुल जाएंगे। स्कूल प्रबंधन पर भवन और कक्षाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने की जिम्मेदारी होगी। मंत्री ने निर्देश दिया कि स्कूल प्रमुख एसएमसी, पंचायत और एमसी की मदद से सफाई का काम सुनिश्चित करें। अगर भवन या कक्षाओं को नुकसान हुआ है तो इसकी जानकारी तुरंत डिप्टी कमिश्नर, एसडीएम या इंजीनियरिंग विभाग को दें।

इसके अलावा कॉलेज, विश्वविद्यालय, आईटीआई और पॉलीटेक्निक संस्थान सोमवार से सामान्य रूप से खुलेंगे। शिक्षा मंत्री ने विद्यार्थियों और स्टाफ की सुरक्षा पर जोर देते हुए प्रशासन को सभी आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए।

अमृतसर में बाढ़ से 175 सरकारी स्कूलों को 54 करोड़ का नुकसान

अमृतसर में बाढ़ से सीमावर्ती क्षेत्र के 175 सरकारी स्कूलों की इमारतों और फर्नीचर को नुकसान पहुंचा है। कई स्कूलों की दीवारें गिरने से अंदर पड़ा सारा सामान खराब हो गया।

जिला शिक्षा अधिकारी राजेश शर्मा और एलिमेंट्री शिक्षा अधिकारी कंवलजीत सिंह तहसील अजनाला के अंतर्गत ब्लॉक अजनाला-2, चोगावां-2 के सरकारी स्कूलों में पहुंचे। उन्होंने बताया कि नुकसान संबंधी रिपोर्ट हेडऑफिस के उच्चाधिकारियों को भेजी है। अब तक लोपोके, अजनाला, रमदास क्षेत्रों के 135 सरकारी एलिमेंट्री स्कूलों में 29 करोड़ 17 लाख रुपये, 40 के करीब मिडल, हाई और सीनियर सेकंडरी स्कूलों में लगभग 25 करोड़ से ज्यादा का नुकसान होने का अनुमान है। डीईओ राजेश शर्मा ने कहा कि जिले के सरकारी स्कूलों के सही नुकसान का अनुमान आने वाले दिनों में जलस्तर कम होने पर लगेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *