राज्यसभा में रेल मंत्री का बड़ा स्पष्टीकरण, रेलवे में अपराध पर प्राथमिकी दर्ज करने का अधिकार आरपीएफ के पास नहीं भारतीय न्याय संहिता के मामलों में जीआरपी या जिला पुलिस करेगी कार्रवाई, राज्यसभा में अश्विनी वैष्णव ने दी जानकारी
रिपोर्ट नवीन यादव
नई दिल्ली। रेलवे में यात्रियों की सुरक्षा और अपराध से जुड़े मामलों में कार्रवाई को लेकर रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने राज्यसभा में स्थिति स्पष्ट की है। उन्होंने बताया कि भारतीय न्याय संहिता के तहत दर्ज होने वाले आपराधिक मामलों में प्राथमिकी दर्ज करने और जांच करने का अधिकार रेलवे सुरक्षा बल के पास नहीं है। ऐसे मामलों में राजकीय रेलवे पुलिस अथवा संबंधित जिला पुलिस अपने अधिकार क्षेत्र के अनुसार कार्रवाई करती है।
रेल मंत्री ने बताया कि रेलवे सुरक्षा बल को रेलवे संपत्ति से जुड़े कानून और रेलवे अधिनियम के तहत निर्धारित मामलों में कार्रवाई का अधिकार है। वहीं, रेलवे में होने वाले सामान्य आपराधिक मामलों की रोकथाम, प्राथमिकी दर्ज करने, विवेचना और कानून-व्यवस्था बनाए रखने की जिम्मेदारी राज्य पुलिस व्यवस्था के अंतर्गत आती है।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि राजकीय रेलवे पुलिस के वेतन का 50 प्रतिशत हिस्सा रेलवे द्वारा वहन किया जाता है, लेकिन राजकीय रेलवे पुलिस संबंधित राज्य सरकार के अधीन कार्य करती है और आपराधिक मामलों की जांच का अधिकार उसी के पास रहता है।










