बलात्कार के आरोप में जेल में बंद लेखपाल को नहीं मिली जमानत
झांसी। दो माह से झांसी जेल में बंद महिला से दुष्कर्म के आरोपी मध्यप्रदेश जिला दतिया इंदरगढ़ निवासी लेखपाल को न्यायालय विशेष न्यायाधीश एफ टी सी मनोज कुमार की अदालत ने जमानत देने से इंकार करते हुए उसका जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त कर दिया है। अभियुक्त को अभी जेल में ही रहना पड़ेगा।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक मसीहा गंज निवासी विधवा महिला ने थाना सीपरी बाजार में रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया था कि उसके पति की मृत्यु के बाद मध्यप्रदेश के जिला दतिया निवासी रमेश ने उसे शादी कर उसका भरण पोषण करने की जिम्मेदारी उठाने की बात कही थी। जिस पर उसने रमेश से शादी कर ली ओर उसके साथ दतिया में रहने लगी। महिला का आरोप था कि रमेश आए दिन दहेज की मांग को लेकर उसे प्रताड़ित करने लगा ओर आए दिन घर पर शराब के नशे में आता था मारपीट करता था। महिला का एरियल है कि उसका पति रमेश अपने इंदरगढ़ निवासी लेखपाल दीप नारायण गौड को घर लेकर आया ओर दोनों ने शराब पी इसके बाद दीप नारायण गौड ने उसके साथ जबरन दुष्कर्म कर दिया। पति ओर रमेश ने फिर उसके साथ मारपीट कर उसे घर से निकाल दिया। थाना सीपरी बाजार पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर लिया था और तीन अप्रैल 2026 को लेखपाल दीप नारायण गौड को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। आज आरोपी की ओर न्यायालय में जमानत प्रार्थना पत्र प्रस्तुत किया गया। जिसकी सुनवाई के बाद न्यायालय ने उसे जमानत देने से इनकार कर उसका जमानत प्रार्थना पत्र निरस्त कर दिया। आरोपी को अभी जेल में ही रहना पड़ेगा।










