झाँसी में 414 स्कूलों में शुरू हुआ डीपीटी-टीडी टीकाकरण अभियान कक्षा 1, 5 और 10 के छूटे विद्यार्थियों को लगाए जा रहे टीके, 7 अगस्त तक चलेगा अभियान अपर निदेशक ने वर्चुअल माध्यम से जांची स्वास्थ्य केंद्रों पर स्टाफ की उपस्थिति समय से अस्पताल पहुंचकर मरीजों को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं देने के निर्देश
झाँसी। जनपद में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने और पात्र बच्चों को टीकाकरण से आच्छादित करने के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा एक साथ कई महत्वपूर्ण अभियान संचालित किए जा रहे हैं। एक ओर डिप्थीरिया सहित विभिन्न जानलेवा बीमारियों से बच्चों को सुरक्षित रखने के लिए स्कूल आधारित डीपीटी-टीडी टीकाकरण अभियान शुरू किया गया है, वहीं दूसरी ओर चिकित्सा इकाइयों में स्वास्थ्य कर्मियों की समय से उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए अधिकारियों द्वारा वर्चुअल माध्यम से निगरानी की जा रही है।
प्रदेश सरकार के निर्देश पर जनपद झाँसी में 3 अगस्त से 7 अगस्त 2026 तक स्कूल आधारित डीपीटी-टीडी टीकाकरण अभियान चलाया जा रहा है। अभियान का शुभारंभ आदर्श जूनियर हाई स्कूल डीसी तालपुरा एवं पं. कृष्ण चंद्र शर्मा इंटर कॉलेज में किया गया। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. शिशिर पुरी ने बताया कि अभियान के तहत निर्धारित आयु एवं कक्षा के ऐसे बच्चों का टीकाकरण किया जा रहा है, जो पूर्व में टीके से छूट गए थे। कक्षा 1 में 5 वर्ष की आयु के बच्चों को डीपीटी, कक्षा 5 में 10 वर्ष की आयु के बच्चों को टीडी-10 तथा कक्षा 10 में 16 वर्ष की आयु के बच्चों को टीडी-16 का टीका लगाया जा रहा है।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. रविशंकर ने बताया कि वर्तमान अभियान के दौरान ग्रामीण क्षेत्र के 341 और नगर क्षेत्र के 73 विद्यालयों को शामिल किया गया है। इस प्रकार जनपद के कुल 414 विद्यालयों में छूटे हुए बच्चों को टीकाकरण से आच्छादित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। प्रत्येक एएनएम द्वारा अपने उपकेंद्र क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले चयनित विद्यालयों को सूचीबद्ध कर कार्ययोजना के अनुसार टीकाकरण किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग द्वारा शिक्षा विभाग, आईसीडीएस सहित संबंधित विभागों के साथ समन्वय कर अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित किया जा रहा है।
इसी क्रम में महानिदेशक चिकित्सा एवं स्वास्थ्य सेवाएं उत्तर प्रदेश के निर्देश पर चिकित्सा इकाइयों में स्टाफ की समय से उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए अपर निदेशक चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण झाँसी मंडल डॉ. आर.के. सोनी ने मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. शिशिर पुरी के साथ वर्चुअल माध्यम से विभिन्न स्वास्थ्य केंद्रों का निरीक्षण किया। विकासखंड बड़ागांव के आयुष्मान आरोग्य मंदिर दौन, पारीछा गांव, जरबौ, विरगुवां एवं मड़ौरी में स्टाफ की उपस्थिति प्रमाणित की गई। इसके अलावा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एरच एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र करगुवांखुर्द में चिकित्सा अधिकारी सहित अन्य कर्मचारियों की उपस्थिति भी जांची गई। सभी चिकित्सा इकाइयों पर स्टाफ उपस्थित मिला।
अपर निदेशक डॉ. आर.के. सोनी ने चिकित्सा अधिकारियों एवं सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे समय से अपनी चिकित्सा इकाइयों पर उपस्थित रहकर आम जनमानस को गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराएं। उन्होंने 30 वर्ष से अधिक आयु के सभी महिला-पुरुषों के सीबैक फॉर्म भरवाकर गैर संचारी रोगों की स्क्रीनिंग, टेस्टिंग एवं उपचार सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही ई-संजीवनी के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को विशेषज्ञ चिकित्सकों का परामर्श उपलब्ध कराने और 70 वर्ष से अधिक आयु के लोगों के आयुष्मान कार्ड बनाने पर भी जोर दिया।
टीकाकरण अभियान के उद्घाटन अवसर पर जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. रविशंकर, नोडल अधिकारी एनयूएचएम डॉ. अंशुमान तिवारी, डब्ल्यूएचओ से डॉ. जूही सूलिया, प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. शशिबाला चौधरी, चिकित्सा अधिकारी डॉ. मोनिका गुप्ता, फार्मासिस्ट पवन रायकवार सहित विद्यालयों के प्रधानाचार्य, शिक्षक-शिक्षिकाएं, डब्ल्यूएचओ प्रतिनिधि, एएनएम एवं आशाएं मौजूद रहीं।










