आईजी आरपीएफ के ए.एन. सिन्हा ने सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा कर दिए अहम निर्देश सुरक्षा सम्मेलन में यात्री सुरक्षा, सीसीटीवी निगरानी और अपराध की रोकथाम पर जोर महिला यात्रियों की सहायता से लेकर अवैध फेरीवालों पर कार्रवाई तक, सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के निर्देश

रिपोर्ट नवीन यादव

कोलकाता। पूर्व रेलवे के निरीक्षण महानिरीक्षक एवं प्रधान मुख्य सुरक्षा आयुक्त ए.एन. सिन्हा आईजी ने बैलीगंज आरपीएफ पोस्ट का निरीक्षण किया और सुरक्षा सम्मेलन में अधिकारियों एवं कर्मचारियों के साथ रेलवे सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की। इस दौरान यात्री सुरक्षा, निगरानी व्यवस्था, रेलवे संपत्ति की सुरक्षा और अपराध की रोकथाम को लेकर कई महत्वपूर्ण निर्देश जारी किए गए।

आईजी ने अधिकारियों और कर्मचारियों को छोटे-छोटे मामलों पर भी सतर्क नजर रखने तथा समय रहते निवारक कार्रवाई करने के निर्देश दिए, ताकि कोई घटना आगे चलकर बड़ी सुरक्षा चुनौती न बने। प्लेटफार्मों पर आरपीएफ की सक्रिय एवं प्रभावी मौजूदगी बढ़ाने तथा लगातार निगरानी रखने पर भी जोर दिया गया।

महिला यात्रियों की सहायता के लिए महिला आरपीएफ कर्मियों के समन्वय से व्हाट्सऐप समूह बनाने और उसे प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश पोस्ट कमांडर को दिए गए। इसके अलावा अंडरपास, फुट ओवर ब्रिज और सबवे में पर्याप्त सीसीटीवी कैमरे लगाने तथा नियमित रूप से उनकी कार्यशीलता की जांच करने को कहा गया।

भीड़भाड़ वाले स्थानों पर मोबाइल चोरी, झपटमारी और जेबकतरों की घटनाओं को रोकने के लिए विशेष निवारक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। वाणिज्य विभाग के कर्मचारियों के साथ समन्वय कर सामान की औचक जांच और यात्रियों की तलाशी अभियान चलाने पर भी जोर दिया गया।

रेलवे स्टेशनों को अवैध फेरीवालों के अतिक्रमण से मुक्त रखने और नए अतिक्रमण को रोकने के निर्देश दिए गए। रेलवे अधिनियम की धारा 143 के तहत अनधिकृत फेरीवालों के खिलाफ कार्रवाई तेज करने को कहा गया। रेलवे परिसर में खड़े पाए जाने वाले अज्ञात अथवा अनधिकृत वाहनों के विरुद्ध भी नियमानुसार कार्रवाई के निर्देश जारी किए गए।

रेलवे सुरक्षा को मजबूत करने के लिए संबंधित राजकीय रेलवे पुलिस (एसआरपी) के साथ नियमित बैठक और प्रभावी समन्वय स्थापित करने पर जोर दिया गया। आरपीएफ के बीट सिस्टम को व्यवस्थित रूप से लागू करने तथा उसकी प्रभावशीलता सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।

सभी स्टेशनों पर लगे सीसीटीवी कैमरों को उचित तरीके से सिंक्रोनाइज करने और उनकी कार्यशीलता की नियमित निगरानी करने को कहा गया।

सीसीटीवी की मदद से चोरी का मामला सुलझाने पर आरपीएफ जवान की सराहना

कार्यक्रम के दौरान कांस्टेबल राजमणि कुमार के सराहनीय कार्य की भी प्रशंसा की गई। उन्होंने न्यू अलीपुर में लगे सीसीटीवी फुटेज की सहायता से रेलवे सिग्नल सामग्री की चोरी के मामले का पता लगाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

आईजी-कम-पीसीएससी ए.एन. सिन्हा ने कहा कि यात्रियों को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने और रेलवे संपत्ति की सुरक्षा के लिए निवारक सुरक्षा, निरंतर निगरानी, त्वरित प्रतिक्रिया तथा आरपीएफ, रेलवे के विभिन्न विभागों और अन्य सुरक्षा एजेंसियों के बीच बेहतर समन्वय बेहद आवश्यक है।

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